मेघालय में बाजारों में बिक रही मछलियों की जांच के आदेश, भारी धातु प्रदूषण की आशंका

मेघालय के स्वास्थ्य अधिकारियों ने राज्य भर के स्थानीय बाजारों में बिक रही मछलियों की जांच के आदेश जारी किए हैं। यह कदम पड़ोसी राज्य असम में मछलियों में भारी धातुओं (हेवी मेटल्स) की मौजूदगी की रिपोर्ट सामने आने के बाद उठाया गया है। मेघालय में बिकने वाली अधिकांश मछलियों की आपूर्ति असम से होती है।
एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि इनपुट्स के आधार पर असम से आने वाली कुछ मछली खेपों में सीसा (लेड) सहित अन्य भारी धातुओं की मात्रा तय मानकों से अधिक पाई गई है, जिसके बाद एहतियाती कदम उठाने का निर्णय लिया गया।
एक वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी के अनुसार, खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे मेघालय के थोक बाजारों, खुदरा बाजारों और राज्य में प्रवेश बिंदुओं से मछलियों के नमूने एकत्र करें और उन्हें विस्तृत जांच के लिए अधिकृत प्रयोगशालाओं में भेजें। यह निरीक्षण समन्वित तरीके से किए जाएंगे ताकि राज्य में प्रवेश करने वाली पूरी आपूर्ति श्रृंखला की व्यापक जांच सुनिश्चित हो सके।
मेघालय अपनी मछली की मांग पूरी करने के लिए मुख्य रूप से असम और आंध्र प्रदेश पर निर्भर है, हालांकि राज्य सरकार स्थानीय स्तर पर मछली उत्पादन बढ़ाने के प्रयास भी कर रही है। संभावित जनस्वास्थ्य जोखिम को देखते हुए खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने बाजार निरीक्षण तेज करने और खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के प्रावधानों को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
अधिकारी ने कहा कि मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त पाई जाने वाली किसी भी मछली को जब्त कर नष्ट किया जाएगा और खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ये सभी कदम एहतियातन उठाए जा रहे हैं और इनका उद्देश्य उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।



